01 — दृष्टिकोण
हमारे फाउंडर की तरफ से
मनोज कृष्ण श्रीवास्तव
“मैंने BKV Mission किसी की आलोचना करने के लिए शुरू नहीं किया — मैंने इसे इसलिए शुरू किया क्योंकि मैं देखता रहा कि कितनी संभावनाएं बिना फंडिंग के बर्बाद हो रही हैं, जबकि चढ़ावा कहीं हिसाब के बिना पड़ा रहता है। हर रुपया जो कोई भक्त देता है, उसके साथ एक ख्वाहिश जुड़ी होती है — अपने बच्चे के लिए, अपने गांव के लिए, अपने समाज के सम्मान के लिए। हमारा काम है ये सुनिश्चित करना कि वो ख्वाहिश पूरी हो।”
मनोज कृष्ण श्रीवास्तव ने भारतीय केसरिया वाहिनी की शुरुआत एक सीधी सोच पर की: श्रद्धा को एक ऐसा सिस्टम चाहिए जो उसके लायक हो। कुछ चिंतित लोगों के एक छोटे से समूह से शुरू हुआ ये सफर, आज पारदर्शिता और युवा सशक्तिकरण के एक बड़े आंदोलन में बदल चुका है।
02 — हमारा मिशन
व्यवस्था। पारदर्शिता। जवाबदेही।
हर रुपये का हिसाब रखें — देने वाले मेंबर से लेकर फायदा पाने वाले युवा तक
लोगों के लिए काम करें, कागज़ों के लिए नहीं — हर पैसा किसी नाम, किसी मकसद और किसी नतीजे से जुड़ा हो
जवाब दें — मेंबर्स सिर्फ दानदाता नहीं, हिस्सेदार हैं। उन्हें अपने दिए हुए पैसे का असर देखने का हक़ है
03 — हमारी टीम
इस आंदोलन के पीछे के लोग
ऐसे प्रोफेशनल्स और वॉलंटियर्स की टीम, जिन्होंने चुप बैठने की बजाय कुछ करने का फैसला किया।
Hriday Kumar Shrivastava Ji
Suresh Singh Ji
Dr. R.K. Shrivastava
Acharya Kishoranand Ji Maharaj